मेरठ। आज बेटियाँ फाउंडेशन एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, जनपद न्यायालय मेरठ के संयुक्त तत्वावधान में अंबेडकर इंटर कॉलेज, गढ़ रोड परिसर में बाल विवाह जागरूकता एवं कानूनी जानकारी शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को सामाजिक, कानूनी एवं स्वास्थ्य विषयों के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित डॉ. गौरव गर्ग (एमबीबीएस – मेडिसिन) ने विद्यार्थियों को कम उम्र में विवाह से होने वाले दुष्प्रभावों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बाल विवाह न केवल एक कानूनी अपराध है, बल्कि यह किशोर-किशोरियों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर गंभीर असर डालता है।
डॉ. गर्ग ने विशेष रूप से पेट से जुड़ी बीमारियों जैसे एनीमिया, कुपोषण, गैस्ट्रिक समस्याएं, अल्सर और पाचन तंत्र की कमजोरी के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कम उम्र में विवाह एवं गर्भधारण के कारण किशोरियों में ये समस्याएं अधिक देखने को मिलती हैं। साथ ही उन्होंने संतुलित आहार, स्वच्छता, समय पर भोजन, स्वच्छ पेयजल और नियमित स्वास्थ्य जांच पर विशेष जोर दिया।
इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से सुनील दत्त एवं एडवोकेट मुस्कान ने विद्यार्थियों को बाल विवाह से जुड़े कानूनों की जानकारी दी और अपील की कि वे अपने परिवार एवं समाज में बाल विवाह रोकने के लिए जागरूकता फैलाएं।
संस्था की काउंसलर मीनू बाना ने कहा कि “बाल विवाह को ना कहें और शिक्षा व स्वास्थ्य के माध्यम से अपना भविष्य सुरक्षित करें।”
कार्यक्रम के अंत में संस्था अध्यक्ष अंजु पाण्डेय ने सभी उपस्थित विद्यार्थियों को बाल विवाह के विरुद्ध शपथ दिलाई। विद्यार्थियों ने सक्रिय सहभागिता निभाते हुए समाज में जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में संस्था सचिव शिवकुमारी गुप्ता, लक्ष्मी बिंदल, कॉलेज कोऑर्डिनेटर रीना सिंह का विशेष सहयोग रहा। कॉलेज प्रिंसिपल श्री आर.पी. सिंह के कुशल निर्देशन में कार्यक्रम संपन्न हुआ, जिन्होंने बेटियाँ फाउंडेशन द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना की।
